July 26, 2026
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बाबा सिद्दीकी हत्या कांड: दिल्ली कोर्ट ने अनमोल बिश्नोई की कस्टडी की मांग खारिज की



नई दिल्ली, 24 जुलाई  दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी की हत्या के मामले में अनमोल बिश्नोई की हिरासत के लिए मुंबई पुलिस की अर्जी खारिज कर दी। आज मुंबई पुलिस ने मकोका की विशेष कोर्ट को यह जानकारी दी।

एनआईए कोर्ट ने केंद्रीय गृह मंत्रालय (एमएचए) के उस आदेश का हवाला दिया जिसमें दिल्ली की तिहाड़ जेल से बाहर उसकी आवाजाही पर रोक लगाई गई है

एडिशनल सेशंस जज प्रशांत शर्मा ने 22 जुलाई को केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा जारी पत्र को ध्यान में रखते हुए मुंबई पुलिस की अर्जी खारिज कर दी। अदालत ने कहा कि इस आदेश को देखते हुए अनमोल बिश्नोई की कस्टडी मुंबई के पुलिस को फिजिकली नहीं सौंपी जा सकती।

इस मामले में फरार आरोपी मोहम्मद यासीन अस्तर उर्फ सिकंदर उर्फ मोहम्मद जमील उर्फ जीशान अख्तर और फरार आरोपी शुभम लोनकर उर्फ शुब्बु के खिलाफ लुकआउट नोटिस और रेड कॉर्नर नोटिस जारी किए गए।

मुंबई की मकोका कोर्ट द्वारा पेशी वारंट जारी किए जाने के बाद पुलिस की एक टीम दिल्ली गई थी, लेकिन पटियाला हाउस कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ने 22 जुलाई को मुंबई पुलिस की अनमोल की हिरासत का अनुरोध करने वाली याचिका खारिज कर दी। हालांकि, इसमें इसके कारणों का उल्लेख नहीं किया गया।

20 जुलाई को मुंबई कोर्ट ने अनमोल बिश्नोई का प्रोडक्शन वॉरंट जारी किया था। आरोपी का कब्जा देने संबंधी अनुरोध पत्र प्राप्त करने के लिए अर्जी दायर की गई थी। अनमोल बिश्नोई को तिहाड़ जेल, नई दिल्ली से कब्जे में लेने के लिए मुंबई पुलिस के एंटी-एक्सटॉर्शन सेल के अधिकारी अरुण थोराट और उनकी टीम को नियुक्त कर रवाना किया गया था। 22 जुलाई को पुलिस निरीक्षक अरुण थोराट ने पटियाला हाउस कोर्ट के समक्ष उपस्थित होकर अनुरोध पत्र प्रस्तुत किया; उस समय कोर्ट ने कब्जा देने से मना कर दिया।

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