जबलपुर। बरगी थाना क्षेत्र के ग्राम सालीवाड़ा में हुए चर्चित नमामि यादव हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी घनश्याम केवट को गिरफ्तार कर लिया है। हत्या के बाद आरोपी लगातार फरार था और पुलिस से बचने के लिए अपना हुलिया बदलकर अलग-अलग स्थानों पर छिपता फिर रहा था। हालांकि, बरगी थाना पुलिस की सतत निगरानी, तकनीकी जांच और मुखबिर तंत्र की मदद से आखिरकार आरोपी पुलिस के शिकंजे में आ गया।
पुलिस के अनुसार, 30 वर्षीय नमामि यादव की हत्या चौराहे पर बैठने को लेकर हुए विवाद के बाद चाकू से हमला कर की गई थी। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में विशेष टीम गठित कर आरोपी की तलाश शुरू की गई।
जांच के दौरान पता चला कि आरोपी घनश्याम केवट पहचान छिपाने के लिए अपना हुलिया बदल चुका था और लगातार ठिकाने बदल रहा था। इसके बावजूद पुलिस ने लगातार दबिश दी और मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर तिलवारा घाट के पास घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद बरगी थाना पुलिस ने आरोपी का सार्वजनिक जुलूस निकाला। पुलिस सुरक्षा के बीच आरोपी को क्षेत्र में पैदल ले जाया गया। पुलिस का उद्देश्य लोगों में यह संदेश देना था कि हत्या जैसे जघन्य अपराध करने वालों के खिलाफ सख्त और त्वरित कार्रवाई की जाएगी तथा कानून से बच पाना संभव नहीं है।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी के नेतृत्व में सब इंस्पेक्टर अनिल कुमार, सब इंस्पेक्टर अश्वंत सिंह, सब इंस्पेक्टर कैलाशपुरी डेहरिया, एएसआई सोमनाथ अहिरवार, प्रधान आरक्षक उदय प्रताप, आरक्षक बिपुल सिंह, सुधीर सिंह, राजेश कुमार, उमाशंकर डेहरिया, वीरेन्द्र धुर्वे, दारा सिंह और मिथलेश जायसवाल की महत्वपूर्ण भूमिका रही।


