इन दिनों कोरियन ग्लॉस स्किन बहुत ज्यादा ट्रेंडिंग है। इसके लिए त्वचा की देखभाल के उत्पादों को त्वचा के प्रकार के मुताबिक चुनना और उनका सही तरीके से इस्तेमाल करना शामिल है। इसके मुख्य चरण में चेहरे को साफ करने के बाद टोनर का इस्तेमाल है। हालांकि, खुद के लिए टोनर को हमेशा त्वचा के प्रकार के मुताबिक ही चुनें। आइए जानते हैं कि किस तरह की त्वचा पर कौन-सा टोनर लगाना चाहिए। टोनर क्या है और इसका इस्तेमाल कैसे करें?टोनर में पानी जैसी स्थिरता होती है और यह क्लींजिंग के बाद चेहरे पर बचे हुए सभी अवशेषों को भी साफ करता है। यह एसेंशियल ऑयल, पौधों के अर्क और अन्य सक्रिय अवयवों के साथ पानी से बना होता है, जो त्वचा को एक्सफोलिएट करता है और इसे कोमल बनाने में मदद करता है। टोनर स्प्रे बोतल में आते हैं। इसे लगाने के लिए रूई पर इसे थोड़ा-सा स्प्रे करके इसे पूरे चेहरे पर हल्के हाथों से लगाएं। रूखी त्वचा के लिए मॉइस्चराइजिंग टोनर को चुनेंरूखी त्वचा के लिए मॉइस्चराइजिंग टोनर इन दिनों बहुत पसंद किया जा रहा है। इसका कारण है कि इसमें एलोवेरा, शहद, ग्लिसरीन और हाइलूरोनिक एसिड जैसी सामग्रियां होती हैं, जो त्वचा के पीएच स्तर को सुधारने के साथ इसे नमी युक्त रखने में मदद कर सकता है। मॉइस्चराइजिंग टोनर का एक बेहतरीन उदाहरण रोज टोनर है। रूखी त्वचा की देखभाल करते समय इन 5 गलतियों से बचें, ताकि किसी तरह की समस्या न हो। सामान्य, मिश्रित और तैलीय प्रकार की त्वचा के लिए एक्सफोलिएटिंग टोनर चुनेंएक्सफोलिएटिंग टोनर में फलों के एंजाइम या हाइड्रॉक्सी एसिड होते हैं, जो त्वचा की सफाई की प्रक्रिया को तेज करते हैं। यह धीरे-धीरे त्वचा की पहली परत से मृत कोशिकाओं को हटा देता है। इसके अलावा, यह एक तेल नियंत्रण टॉनिक की तरह काम करके तैलीय त्वचा वाले लोगों पर जादुई-सा काम करता है। हालांकि, यह टोनर मिश्रइत और सामान्य त्वचा पर भी समान प्रभाव डाल सकता है। यह त्वचा को एक प्राकृतिक चमक भी प्रदान करता है। अलग-अलग समस्याओं के लिए इस्तेमाल करें ट्रीटमेंट टोनरट्रीटमेंट टोनर का इस्तेमाल त्वचा की समस्याओं को हल करने के लिए किया जाता है। कैमोमाइल और एंटी-ऑक्सिडेंट जैसे कई पौधों के अर्क से बने ट्रीटमेंट टोनर समय से पहले त्वचा पर झलकने वाली झुर्रियों, महीन रेखाओं, मुंहासों, दाग-धब्बों, अतिरिक्त तेल जैसी त्वचा की समस्याओं से निपटने के लिए तैयार किए जाते हैं। त्वचा से जुड़ी समस्याओं से राहत दिलाने में इन योगासनों का अभ्यास भी मदद कर सकता है।


