32.9 C
Jabalpur
April 21, 2026
सी टाइम्स
राष्ट्रीयव्यापार

भारतीय शेयर बाजार में तेजी के बीच एफआईआई फिर से खरीदेंगे इक्विटी : विश्लेषक

मुंबई, 12 मई। विश्लेषकों ने सोमवार को कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष विराम ने बाजार में तेज उछाल का मार्ग प्रशस्त किया है। इसके साथ ही विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) भारत में अपनी इक्विटी खरीद फिर से शुरू कर सकते हैं। सुबह के कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी में 2.7 प्रतिशत से अधिक की तेजी आई। बाजार पर नजर रखने वालों के अनुसार, अब भारतीय बाजारों में तेजी के लिए ‘एफआईआई खरीद’ मुख्य वजह बनेगी। एफआईआई खरीद बीते गुरुवार तक 16 दिनों तक बनी रही। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के मुख्य निवेश रणनीतिकार डॉ. वीके विजय कुमार ने कहा, “उच्च जीडीपी वृद्धि, वित्त वर्ष 2026 में आय वृद्धि के रिवाइवल की उम्मीदें, मुद्रास्फीति और ब्याज दरों में गिरावट जैसे घरेलू मैक्रो, बाजार में तेजी के लिए अच्छे संकेत हैं।”

एफआईआई आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, बजाज फाइनेंस, एलएंडटी, भारती एयरटेल, अल्ट्राटेक, एमएंडएम और आयशर जैसी बड़ी कंपनियों को पसंद करते हैं। मिडकैप आईटी और डिजिटल स्टॉक अन्य सेगमेंट हैं, जिन पर नजर रखी जानी चाहिए। अमेरिका में दवाओं की कीमतों में कमी के बारे में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हालिया घोषणा से फार्मा स्टॉक निकट भविष्य में दबाव में आ सकते हैं। विजय कुमार ने कहा, “चीन के साथ अमेरिका के व्यापार समझौते को लागू करने की अफवाहें हैं, लेकिन अभी विस्तृत जानकारी नहीं मिली है। अगर कोई सौदा होता है तो यह वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए अच्छा होगा।”

हाल के दिनों में एफपीआई निवेश की पहचान एफआईआई की निरंतर खरीदारी से हो रही है। एफआईआई ने 8 मई को समाप्त 16 कारोबारी दिनों के लिए लगातार एक्सचेंजों के माध्यम से 48,533 करोड़ रुपए की कुल राशि के लिए इक्विटी खरीदी। विश्लेषकों ने कहा, “जब भारत-पाक संघर्ष बढ़ गया तो वे 9 मई को शुद्ध विक्रेता बन गए। उन्होंने 3,798.71 करोड़ रुपए के शेयर बेचे। अब जब युद्ध विराम की घोषणा हो गई है, तो एफआईआई भारत में अपनी इक्विटी खरीद फिर से शुरू कर सकते हैं।” यह समझना महत्वपूर्ण है कि इस साल के पहले तीन महीनों में एफआईआई भारत में लगातार बिकवाली कर रहे थे। जनवरी में सबसे बड़ी बिकवाली (78,027 करोड़ रुपए) तब शुरू हुई, जब माह के मध्य में डॉलर इंडेक्स 111 पर पहुंच गया। उसके बाद बिकवाली की तीव्रता कम हो गई। अप्रैल में एफआईआई ने 4,243 करोड़ रुपए की खरीद के साथ खरीदारी का रुख अपनाया।

अन्य ख़बरें

पीएम मोदी को आतंकवादी कहना देश का अपमान’, अमित शाह का खड़गे पर पलटवार

Newsdesk

खड़गे 24 घंटे में माफी मांगें, नहीं तो बुरा परिणाम भुगतना पड़ेगा’, अयोध्या के साधु-संत

Newsdesk

झारखंड में एसआईआर के नाम पर आदिवासियों-मूलवासियों के अधिकारों को हनन नहीं होने देंगेः सीएम हेमंत सोरेन

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading