Jabalpur Crime News। हनुमानताल क्षेत्र की रहने वाली फरजाना मंसूरी उर्फ परवीन (पत्नी शकील मंसूरी) ने शुक्रवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर अपने साथ हो रहे उत्पीड़न और मानहानि के षड्यंत्र की शिकायत की। उन्होंने आरोप लगाया कि अधारताल तहसील विकलांग बल के अध्यक्ष सरफराज (पिता सोहराब) द्वारा उन पर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं, साथ ही फर्जी वीडियो बनाकर उनकी छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है।
फरजाना मंसूरी ने बताया कि उनकी शादी को 23 साल हो चुके हैं और उनके तीन बच्चे हैं। उनका कहना है कि उनका पति उन पर हमेशा शक करता है और शराब एवं गांजा पीने के लिए मारपीट करता है। इसी वजह से वह एक बार आत्महत्या तक करने की कोशिश कर चुकी हैं। घर के हालात खराब होने के कारण वह सोनाटा फाइनेंस प्रा.लि. की महिला समूह लोन योजना के तहत महिलाओं को लोन दिलाने और किश्त वसूली का कार्य करती हैं।
उन्होंने बताया कि 22 अप्रैल 2025 को वह हसीना बी नामक महिला की किश्त लेने उसके घर गई थीं। उस समय घर पर हसीना बी का बेटा सरफराज अकेला था। आरोप है कि सरफराज ने उन्हें किश्त देने के बहाने घर के अंदर बुलाया और दरवाजा बंद कर अश्लील हरकत करने की कोशिश की। विरोध करने पर सरफराज ने धमकी दी कि वह उन्हें बदनाम कर देगा और उनका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर फैलाएगा।
फरजाना का कहना है कि उन्होंने भागकर अपने पति और भाइयों को घटना की जानकारी दी और हनुमानताल थाने पहुंचीं, लेकिन पुलिस ने कार्यवाही करने से मना कर दिया। इसके बाद, सरफराज ने रेलवे लाइन पर बैठकर एक वीडियो बनाया जिसमें उसने फरजाना पर गंभीर आरोप लगाए, उनके भाई अब्दुल्ला को फंसाने की बात कही और उन्हें बदनाम करने की कोशिश की।
फरजाना मंसूरी ने महिला पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाते हुए कहा कि सरफराज उन पर झूठे और अश्लील आरोप लगाकर उनकी मानहानि कर रहा है। उन्होंने मांग की है कि इस मामले में तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाए और उनकी इज्जत और सुरक्षा को सुनिश्चित किया जाए।


