Jabalpur News Todaty – जबलपुर के ट्रिपल आईटीडीएम (IIITDM) कॉलेज में मंगलवार देर रात एक 19 वर्षीय छात्र उत्कर्ष तिवारी चौथी मंजिल से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद कॉलेज परिसर और छात्रावास में हड़कंप मच गया।
पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि छात्र ने आत्महत्या की या उसके साथ कोई हादसा हुआ है।
कॉलेज प्रबंधन का दावा, परिवार का आरोप
कॉलेज प्रबंधन का कहना है कि छात्र एजुकेशन लोन को लेकर परेशान था, संभवतः इसी कारण उसने यह कदम उठाया।
हालांकि मृतक छात्र के परिजनों ने इस दावे को सिरे से खारिज कर दिया। उनका कहना है कि परिवार संपन्न है और पढ़ाई के खर्च के लिए कभी कोई समस्या नहीं थी। परिजनों ने इसे रैगिंग और साजिशन हत्या करार देते हुए आरोप लगाया कि उत्कर्ष को धक्का देकर गिराया गया हो सकता है।
मृतक के चचेरे भाई रोहित तिवारी, जो कि राजस्व विभाग में पदस्थ हैं, ने बताया कि एजुकेशन लोन पास हो चुका था और ₹1.25 लाख फीस भी जमा कर दी गई थी।
उन्होंने कहा, “उत्कर्ष ने सिर्फ 1 महीने 8 दिन पहले ही बी.टेक में दाखिला लिया था। सिर्फ लोन के कारण वह डिप्रेशन में आ जाए, यह बात समझ से परे है। उसके शरीर पर चोटें पीछे की ओर हैं, जिससे आशंका है कि उसे धक्का दिया गया या हमला किया गया।”
रैगिंग और पुराने विवादों का हवाला
परिजनों ने कहा कि उत्कर्ष के साथ रैगिंग हुई हो सकती है। उन्होंने कॉलेज के पुराने विवादित मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि पहले भी यहां छात्रों के साथ हिंसा और अश्लील वीडियो वायरल होने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
मृतक छात्र जौनपुर (उत्तर प्रदेश) का रहने वाला था। उसके पिता चंद्र कुमार प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते हैं। परिवार में माता-पिता के अलावा एक छोटी बहन और भाई हैं। मंगलवार सुबह 10 बजे उत्कर्ष ने वीडियो कॉल पर बहन से बात की थी और कहा था कि सब कुछ ठीक चल रहा है और दीपावली की छुट्टियों में घर आएगा।
पुलिस की जांच जारी
घटना के बाद पोस्टमॉर्टम मेडिकल कॉलेज में परिजनों की मौजूदगी में हुआ। शव को परिजनों को सौंप दिया गया है और अंतिम संस्कार जौनपुर में होगा।
परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि घटना के 24 घंटे बाद भी उत्कर्ष का मोबाइल फोन नहीं मिला है, जबकि पुलिस का कहना है कि उसकी लोकेशन हॉस्टल में ही ट्रेस हो रही है।
खमरिया थाना प्रभारी सरोजिनी चौकसे ने बताया कि परिजनों के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। उनकी शिकायत के आधार पर कॉलेज प्रबंधन और हॉस्टल के छात्रों से पूछताछ की जा रही है। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है कि यह आत्महत्या है, हादसा है या रैगिंग/साजिश का मामला।


