बिजली कर्मचारियों ने अधिकारी को दिया अल्टीमेटम
जबलपुर। मध्यप्रदेश विद्युत मंडल तकनीकी कर्मचारी संघ के प्रांतीय महासचिव हरेंद्र श्रीवास्तव के नेतृत्व में बिजली विभाग के अधिकारियों को एक महत्वपूर्ण मांग पत्र सौंपा गया है। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के जबलपुर सिटी सर्किल के तहत आने वाले पश्चिम संभाग के आउटसोर्स कर्मचारी अनमोल तिवारी को बंधक बनाने और उनके साथ बेरहमी से मारपीट करने वाले मुख्य आरोपी उपभोक्ता प्रेम ठाकुर तथा उसके अन्य साथियों को जल्द से जल्द कानून की गिरफ्त में लाना है। घटना के 6 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस द्वारा आरोपियों को न पकड़े जाने के कारण कर्मचारियों में भारी आक्रोश है, जिसके चलते अधीक्षण अभियंता संजय अरोरा को यह ज्ञापन सौंपकर त्वरित कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है।
गिरफ्तारी न होने से कर्मचारियों में रोष
फील्ड स्टाफ का काम न रुके
गिरफ्तारी न होने से कर्मचारियों में रोष
इस पूरे मामले में बिजली विभाग के मैदानी और तकनीकी कर्मचारियों ने एकजुट होकर प्रशासन के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद की है। कर्मचारियों का कहना है कि ड्यूटी पर तैनात आउटसोर्स कर्मी के साथ इस तरह की हिंसक वारदात होना बेहद चिंताजनक है। घटना को लगभग एक सप्ताह का समय पूरा होने को है, लेकिन पुलिस प्रशासन अब तक नामजद आरोपियों को पकड़ने में पूरी तरह नाकाम रहा है। इस ढीली कार्रवाई से सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। कर्मचारियों ने साफ चेतावनी दी है कि अगर आरोपियों को तुरंत सलाखों के पीछे नहीं भेजा गया, तो वे अपने विरोध प्रदर्शन को और अधिक उग्र करने के लिए मजबूर होंगे।
फील्ड स्टाफ का काम न रुके
ज्ञापन सौंपने के दौरान तकनीकी कर्मचारी संघ के तमाम वरिष्ठ पदाधिकारी और सदस्य भारी संख्या में कलेक्ट्रेट और विभाग के कार्यालय परिसर में एकत्रित हुए। इस विरोध प्रदर्शन और मांग पत्र सौंपने के दौरान मुख्य रूप से मोहन दुबे, दशरथ शर्मा, विनोद दास, लखन सिंह राजपूत, महेंद्र बर्मन, अरुण मालवीय, सुनील दुबे और राकेश नामदेव सहित कई अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में अधीक्षण अभियंता संजय अरोरा से कहा कि वे इस मामले में पुलिस के उच्च अधिकारियों से सीधे बात करें ताकि मैदानी क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों के भीतर से डर का माहौल खत्म हो सके और वे बिना किसी खौफ के अपनी सेवाएं दे सकें।


