36.7 C
Jabalpur
June 11, 2026
सी टाइम्स
प्रादेशिकराष्ट्रीयशिक्षा

पढ़ाई के साथ बच्चों को खेतीबाड़ी सिखा रहा आंध्र प्रदेश का यह स्कूल

गन्नावरम (आंध्र प्रदेश), 12 जुलाई । आंध्र प्रदेश के गन्नावरम में स्थित एक स्कूल ने कृषि गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए एक अनोखी पहल शुरू की है। छात्र पढ़ाई के अलावा स्कूल के समय खेती से जुड़ी जानकारी भी हासिल करते हैं। साथ ही शिक्षक छात्रों को खेतों में ले जाकर उन्हें खेती करना भी सिखाते हैं। दरअसल, स्कूल ने कृषि गतिविधियों से अवगत कराने के लिए छात्रों को पढ़ाई के साथ-साथ खेती के बारे में बताने, उससे संबंधित शिक्षा देने की शुरुआत की है। छात्र पढ़ाई के अलावा स्कूल के समय में खेती करते हैं और किसानों को खेती के दौरान होने वाली परेशानियों से भी रू-ब-रू होते हैं। स्कूल की प्रिंसिपल थेरिशा ने बताया कि गांवों में किसानों के बच्चे शिक्षा में रुचि नहीं रखते हैं। वहीं, दूसरी ओर आज की पीढ़ी के बच्चे भी इस बारे में ज्यादा नहीं जानते हैं। इसलिए, बच्चों को किसानों को कृषि क्षेत्र में फसल उगाने में आने वाली कठिनाइयों से अवगत कराने के लिए खेत में लाया गया है। इन छात्रों को यह बताना है कि गांवों में खेती कैसे की जाती है जिससे छात्र पढ़ाई के बाद कृषि से भी जुड़े रहेंगे। अगर वह नौकरी भी नहीं करते हैं तो लाभप्रद खेती कर सकें। उन्होंने आगे कहा कि कृषि अतीत, वर्तमान और भविष्य में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। हमें किसानों का सम्मान करना चाहिए और हमें भोजन का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि खेत में काम करना बहुत मुश्किल होता है। मेरे लिए बहुत खुशी की बात है कि आज बच्चों को यहां लाया गया, जिससे वे पढ़ाई के साथ-साथ खेती के महत्व को समझ सकें। फिलहाल स्कूल की इस मुहिम का बच्चों पर भी काफी असर देखने को मिला। उन्होंने इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

अन्य ख़बरें

अंतर्राज्यीय साइबर गिरोह के चार आरोपी गिरफ्तार ,  परिजनों को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता,रिजर्व बैंक के केंद्रीय निदेशक मंडल में शामिल हुए संजय लोहिया

Newsdesk

राज्यसभा की 21 सीटों पर निर्विरोध चुनाव में भाजपा के 12, कांग्रेस के चार उम्मीदवार निर्वाचित

Newsdesk

हरियाणा पुलिस की बड़ी उपलब्धि, गैंगस्टर वेंकट गर्ग जॉर्जिया से डिपोर्ट

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading