कोतमा। जिला पंचायत अनूपपुर के वार्ड क्रमांक 2 की सदस्य भारती केवट ने जमुना-कोतमा क्षेत्र के गांवों में गहराते पेयजल संकट और अन्य मूलभूत समस्याओं को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। उन्होंने साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड से कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) मद के तहत क्षेत्र में विकास कार्य कराए जाने की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया है कि वार्ड के अधिकांश गांव एसईसीएल की जमुना-कोतमा खदान क्षेत्र से 25 किलोमीटर की परिधि में आते हैं, ऐसे में नियमानुसार इन क्षेत्रों के विकास में सीएसआर निधि का उपयोग किया जाना चाहिए। इस संबंध में कलेक्टर से अनुरोध किया गया है कि एसईसीएल प्रबंधन को आवश्यक निर्देश जारी करते हुए प्रस्तावित कार्यों के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र एनओसी प्रदान किया जाए।
प्रमुख मांगो में चिन्हित स्थानों पर गहरे बोरवेल का खनन, ताकि गिरते जलस्तर के बीच ग्रामीणों को सालभर पेयजल उपलब्ध हो सके। बिजली कटौती से राहत के लिए सोलर आधारित सबमर्सिबल पंप और सार्वजनिक स्थानों पर एलईडी लाइट की व्यवस्था। पानी के भंडारण और वितरण को बेहतर बनाने के लिए उच्च क्षमता वाली पानी की टंकियों का निर्माण। भारती केवट ने कहा कि इन विकास कार्यों के पूरा होने से क्षेत्र के सैकड़ों परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा और उनका जीवन स्तर सुधरेगा। उन्होंने प्रशासन को आश्वस्त किया कि भूमि चिन्हांकन और तकनीकी सर्वे के दौरान स्थानीय स्तर पर पूरा सहयोग दिया जाएगा। ज्ञापन सौंपते समय उन्होंने जोर देकर कहा कि खदान प्रभावित क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना एसईसीएल की नैतिक और वैधानिक जिम्मेदारी है, जिसे समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाना चाहिए।


