37.5 C
Jabalpur
June 12, 2026
सी टाइम्स
अंतरराष्ट्रीयराष्ट्रीय

भारत ने अमेरिकी राजदूत को फिर किया तलब, तीन नाविकों की मौत पर दूसरी बार जताया कड़ा विरोध

नई दिल्ली, 12 जून । भारत के विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को अमेरिका के चार्ज डी’अफेयर्स जेसन मीक्स को एक बार फिर से तलब किया। ओमान के तट पर कमर्शियल जहाजों पर लगातार हो रहे हमलों के खिलाफ भारत ने पिछले 48 घंटे में दूसरी बार अमेरिकी राजदूत को तलब किया है। हाल ही में ओमान के तट पर अमेरिका की तरफ से जहाज पर हुए हमले में तीन भारतीय नाविकों की जान चली गई थी। इससे पहले भारत ने बुधवार को होर्मुज स्ट्रेट के पास चल रहे जहाजों पर हाल के हमलों पर कड़ा विरोध जताया था। ओमान के तट पर जिन कमर्शियल जहाजों पर हमला हुआ, उसमें सेटेबेलो भी शामिल था। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक मीडिया ब्रीफिंग में कहा, “हमने ओमान सेटेबेलो के तट पर इस कमर्शियल जहाज पर हुए हमले पर अपना विरोध दर्ज कराने के लिए यूएस सीडीए को बुलाया था। उस घटना में तीन भारतीय नागरिकों की मौत हो गई थी। हमने इन घटनाओं और हो रहे हमलों पर अपनी गहरी चिंताएं बताईं। और हम उम्मीद करते हैं कि ये खत्म हो जाएंगे, ये तुरंत रुक जाएंगे। साथ ही कमर्शियल जहाजों, मरीन स्टाफ और सिविलियन इंफ्रास्ट्रक्चर को टारगेट करने को लेकर भी हमारी गहरी चिंताएं हैं। इसलिए, हमने इन हमलों पर अमेरिकी पक्ष को अपनी चिंताएं बताईं।” अमेरिका ने कहा कि वह इस मुद्दे पर भारत के साथ सीधे संपर्क में है। भारत के डिप्लोमैटिक डिमार्श का जवाब देते हुए, अमेरिकी स्टेट डिपार्टमेंट के एक अधिकारी ने कहा कि वाशिंगटन इस मामले पर भारत सरकार के साथ बातचीत कर रहा है। भारतीय विदेश मंत्रालय के अधिकारी ने न्यूज एजेंसी आईएएनएस को बताया, “राज्य विभाग इस मामले में भारत सरकार के सीधे संपर्क में है।” भारत ने बार-बार होर्मुज स्ट्रेट को अंतरराष्ट्रीय शिपिंग के लिए खुला रखने की जरूरतों पर जोर दिया है। हाल की घटनाओं में शामिल सभी तीन जहाज विदेशी झंडे वाले थे। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, “जैसा कि आपने अलग-अलग रिपोर्ट्स में देखा होगा और हमारे बयान और इस पोडियम से जो स्पष्ट किया गया, उसमें भी, इन घटनाओं में शामिल तीन जहाज विदेशी झंडे वाले हैं। उनमें से दो पलाऊ के झंडे वाले हैं और तीसरा, जिस पर आज हमला हुआ, वह गिनी के झंडे वाला है। ये भारतीय स्वामित्व वाले जहाज नहीं हैं और वे सभी विदेशी झंडे वाले जहाज हैं। मुझे यह भी पता चला है कि उनमें से दो ओएफएसी-प्रतिबंधित जहाज हैं और उनमें से एक नियमों का पालन न करने वाले जहाज की कैटेगरी में भी है।”

अन्य ख़बरें

रूस से तेल खरीद का कारण स्‍पष्‍ट कर जयशंकर ने हथियारों पर उठाए सवाल, यूरोप को दिखाया

Newsdesk

अमरनाथ यात्रा : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने की उच्चस्तरीय बैठक, श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर दिए निर्देश

Newsdesk

लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई बने राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय में सैन्य सलाहकार

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading