नई दिल्ली , अमेरिकी गायिका मैरी मिलबेन ने आरोप लगाया है कि कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के सह-संस्थापक अभिजीत दीपके और उनके संगठन को अमेरिका के कुछ दानदाताओं से आर्थिक सहायता मिल रही है। उन्होंने दावा किया कि ये दानदाता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके नेतृत्व में भारत के भविष्य के पक्ष में नहीं हैं। मिलबेन ने भारत के युवाओं से संगठन की कथित विघटनकारी विचारधारा के खिलाफ खड़े होने और शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराने की अपील की है। हालांकि, उनके इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
मिलबेन की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है, जब विपक्षी दलों और कॉकरोच जनता पार्टी से जुड़े लोग मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में कथित अनियमितताओं को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। इस मुद्दे पर नई दिल्ली में प्रदर्शन भी हो रहे हैं। मैरी मिलबेन ने सामाजिक माध्यम ‘एक्सपर अपने संदेश में भारतीय युवाओं से अपील की कि वे डरें नहीं और देश के लोकतांत्रिक भविष्य को लेकर अपनी आवाज उठाएं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने 25 वर्षों तक भारत की सेवा की है और 12 वर्षों से प्रधानमंत्री के रूप में देश का नेतृत्व कर रहे हैं। मिलबेन ने दावा किया कि प्रधानमंत्री भारत में कथित विघटनकारी ताकतों के सामने नहीं झुकेंगे।
उन्होंने कहा कि भारत के युवाओं को देश के भविष्य के प्रति सजग रहना चाहिए और लोकतंत्र तथा स्वतंत्रता की रक्षा के लिए शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखनी चाहिए। अमेरिकी गायिका ने आरोप लगाया कि कुछ दानदाता दुनिया के रूढि़वादी नेताओं को निशाना बनाने के लिए एक जैसी रणनीति अपनाते हैं। उनके अनुसार, ऐसे लोग संबंधित देशों में अमेरिका में शिक्षा प्राप्त कर चुके व्यक्तियों को चुनते हैं, उन्हें कट्टरपंथी बनाते हैं और फिर उनके माध्यम से अपने देशों में अराजकता फैलाने के लिए आर्थिक सहायता देते हैं।
मिलबेन ने दावा किया कि ऐसी गतिविधियों से संबंधित देशों के विकास और शासन व्यवस्था पर असर पड़ता है। हालांकि, उन्होंने अपने आरोपों के समर्थन में सार्वजनिक रूप से कोई ठोस प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया। कॉकरोच जनता पार्टी को कथित विदेशी आर्थिक सहायता मिलने के दावे की पुष्टि के लिए संबंधित वित्तीय अभिलेखों और आधिकारिक जानकारी की आवश्यकता होगी।
उन्होंने यह भी कहा कि लोकतंत्र और स्वतंत्रता को बनाए रखने के लिए ऐसे प्रयासों के जवाब में शांतिपूर्ण जन आंदोलन होने चाहिए।
मैरी मिलबेन अफ्रीकी-अमेरिकी गायिका और अभिनेत्री हैं। वह भारत में भी जानी जाती हैं। वर्ष 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिका यात्रा के दौरान आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने भारत का राष्ट्रगान ‘जन गण मनगाया था।
इसके अलावा, हिंदू धार्मिक आरती ‘ओम जय जगदीश हरे के उनके गायन को भी भारत में लोकप्रियता मिली है।मिलबेन के बयान ने ऐसे समय में राजनीतिक बहस को नया आयाम दिया है, जब मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण और मुख्य चुनाव आयुक्त की भूमिका को लेकर विपक्ष तथा अन्य समूह विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। उनके आरोपों की सत्यता और कथित आर्थिक सहायता के स्रोतों को लेकर स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।


